विश्व पृथ्वी दिवस पर डीएवी कोडरमा में जागरूकता की अनूठी पहल
“पृथ्वी है तभी हम हैं” – बच्चों ने दिया संरक्षण का सशक्त संदेश
कोडरमा: आज 22 अप्रैल को विश्व पृथ्वी दिवस के अवसर पर पी. वी. एस. एस. डीएवी पब्लिक स्कूल, झुमरी तिलैया में एक प्रेरणादायक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर छात्र-छात्राओं एवं शिक्षकों ने उत्साहपूर्वक भाग लेकर पर्यावरण संरक्षण का सशक्त संदेश दिया।

कार्यक्रम की शुरुआत कक्षा सातवीं की सृष्टि कुमारी द्वारा पृथ्वी को स्वच्छ एवं प्रदूषणमुक्त बनाए रखने की प्रतिज्ञा दिलाकर हुई। अनुष्का गुप्ता (कक्षा VII) ने अपनी प्रभावशाली कविता के माध्यम से पृथ्वी संरक्षण के प्रति जागरूकता फैलायी। कक्षा नौवीं की आकृति ने अपने विचारों में इस बात पर बल दिया कि हमें हर परिस्थिति में धरती को प्रदूषणमुक्त बनाने के लिए संकल्पित रहना होगा, ताकि सभी जीव-जंतु एवं प्राणी सुखी जीवन जी सकें।
कक्षा आठवीं की शांभवी सिंह ने रोचक तथ्यों के माध्यम से सभी का ज्ञानवर्धन किया, जबकि कक्षा नौवीं की आराध्या ने सामान्य ज्ञान प्रश्नोत्तरी के जरिए पृथ्वी दिवस से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियाँ साझा कीं। सिमरन, वैष्णवी, वेदांशी, सिद्धि एवं शुभम ने लघु नाटक प्रस्तुत कर प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण तथा उनके अंधाधुंध दोहन से बचने का संदेश दिया।
छात्र-छात्राओं ने आकर्षक पोस्टर बनाकर अपनी रचनात्मक प्रतिभा का प्रदर्शन किया और पर्यावरण संरक्षण के प्रति अपनी संवेदनशीलता को दर्शाया। कार्यक्रम का सशक्त संचालन कक्षा 11वीं की आराध्या ने किया।
इस अवसर पर विद्यालय के प्राचार्य कृष्ण कुमार सिंह ने अपने प्रेरणादायक संबोधन में पृथ्वी संरक्षण की आवश्यकता पर बल देते हुए कहा कि पृथ्वी दिवस का उद्देश्य लोगों का ध्यान पर्यावरण की ओर आकर्षित करना और सभी को इसके संरक्षण हेतु प्रेरित करना है। उन्होंने कहा कि बढ़ते प्रदूषण और जलवायु परिवर्तन के कारण पृथ्वी गंभीर संकट में है, अतः हम सभी का कर्तव्य है कि हम इसकी रक्षा करें।
“पेड़ लगाओ, पृथ्वी बचाओ” और “जल ही जीवन है” जैसे नारों के माध्यम से बच्चों द्वारा प्रदर्शित जागरूकता की उन्होंने सराहना की। उन्होंने वृक्षारोपण को अनिवार्य बताते हुए कहा कि वृक्ष धरा की शान हैं और उनकी कटाई को रोकना हम सबकी जिम्मेदारी है। साथ ही उन्होंने ग्लोबल वार्मिंग और जलवायु परिवर्तन जैसी समस्याओं के प्रति समाज को जागरूक करने का आह्वान किया।
उन्होंने यह भी कहा कि सीमित प्राकृतिक संसाधनों—जल, जंगल एवं खनिज—का विवेकपूर्ण उपयोग अत्यंत आवश्यक है। “पृथ्वी है तभी हम हैं”—इस संदेश को आत्मसात करते हुए सभी को इसके संरक्षण के लिए आगे आना चाहिए।
कार्यक्रम के अंत में सभी विद्यार्थियों एवं शिक्षकों ने प्रकृति की रक्षा करने और पर्यावरण को स्वच्छ बनाए रखने का संकल्प लिया। इस प्रकार डीएवी कोडरमा में पृथ्वी दिवस उत्साह, जागरूकता और सकारात्मक संकल्प के साथ सफलतापूर्वक मनाया गया।
कार्यक्रम के सफल संचालन में विद्यालय की शिक्षिकाएँ लक्ष्मी कुमारी, लक्ष्मी गुप्ता तथा शिक्षक अभिषेक राणा एवं अभिषेक पांडे का विशेष मार्गदर्शन रहा।

