देवघर (शहर परिक्रमा)

श्रद्धालुओं को स्वयं आशीर्वाद दे रही ‘अर्धनारीश्वर’

देवघर में लगने वाला सावन मेला अपने आप में अनोखा मेला है जहाँ श्रद्धालु बाबा बैद्यनाथ की कृपा प्राप्ति हेतु 105 किमी पैदल चलकर आते और जल अर्पण करते हैं। इस दौरान कई स्वयंसेवकों/संगठनों व सरकारी स्तर पर पुरे कांवरिया पथ में कई सेवा शिविर भी स्थापित किये जाते हैं। इन्ही में से एक है खिजुरिया अवस्थित महामंडलेश्वर कांवरिया सेवा शिविर। जहाँ राजेश्वरीनन्द गिरी उर्फ़ रोज मौसी के अगुआई में किन्नरों के समूह द्वारा सेवा दी जा रही है। इस शिविर में कांवरिया श्रद्धालुओं को निःशुल्क आवासन, पानी, शरबत, चिकित्सकीय सुविधा के साथ आशीर्वाद भी मिल रहा है। भक्त शिविर में पहुंचते और राजेश्वरीनन्द गिरी के चरण स्पर्श कर उनसे अपनी सुख समृद्धि की कामना करते हैं।

क्या कहते हैं भक्त?
     कई बम कांवरिया पथ अवस्थित महामंडलेश्वर कांवरिया सेवा शिविर में पहुंचते हैं और अपनी थकान मिटाने के बाद महामंडलेश्वर राजेश्वरीनन्द गिरी उर्फ़ रोज मौसी का आशीर्वाद प्राप्त करते हैं। श्रद्धालु कहते हैं कि अर्धनारीश्वर भगवान शिव और पार्वती का संयुक्त रूप है। इनसे आशीर्वाद प्राप्त करना साक्षात् भोलेनाथ से आशीर्वाद प्राप्त करने के समान है।

कौन है राजेश्वरीनन्द गिरी उर्फ़ रोज मौसी
राजेश्वरीनन्द गिरी उर्फ़ रोज मौसी अंतर्राष्ट्रीय किन्नर अखाडा (जूना अखाडा) की महामंडलेश्वर हैं।

मान्यताओं के अनुसार “अर्धनारीश्वर”
अर्धनारीश्वर भगवान शिव और पार्वती का संयुक्त रूप है। यह रूप आधा पुरुष और आधा महिला का प्रतीक है। कहीं कहीं किन्नरों को ही अर्धनारीश्वर का रूप माना जाता है। इसलिए अपने इक्षित मनोकामनाओं की पूर्ति के लिए इनसे आशीर्वाद प्राप्त करने की मान्यता है।