देवघर (शहर परिक्रमा)

तक्षशिला विद्यापीठ में ‘महालया महोत्सव’ का आयोजन

देवघर: आज तक्षशिला विद्यापीठ में स्थित डॉ. कृष्णानंद झा मेमोरियल ऑडिटोरियम में “महालया महोत्सव का बड़े ही हर्ष और उल्लास के साप आयोजन किया गया। कार्यक्रम का प्रारंभ विद्यापीठ के प्रबंध निदेशक अशोकानंद झा, अनुमंडल पदाधिकारी रवि कुमार, रमेश बाजला, विद्यालय के प्राचार्य डॉ. के. डी. विश्वास, उप प्राचार्य शुभ्र भट्टाचार्य द्वारा दीप प्रज्जवलन कर किया गया।

     कार्यक्रम का शुभारम्भ शंख ध्वनि व “महिषासुर मर्दिनी’ नृत्य नाटिका से किया गया। विद्यापीठ की छात्राओं ने आगमनी गीत की सुन्दर प्रस्तुति दी। तत्पश्चात आगमनी नृत्य “बाजलो तुमार आलोर बेणु के साथ देव लोक के कई दृश्यों की प्रस्तुति दी गई। महिषासुर का ब्रह्मा जी से वरदान प्राप्ति, ऋषि कात्यान के आश्रम का विध्वस एवं इंद्रलोक पर महिषासुर का आक्रमण, देवताओं का ब्रह्मा जी के शरण में जाना, देवताओं का महादेव के शरण में जाना, महा तेज से शक्तिपुंज का निर्माण एवं अस्त्रदान, दुर्गा का शक्ति नृत्य, देवी के नौ स्वरूपों का दर्शन, चामुंडा पर्वत पर मां दुर्गा गुप्तचर, चिक्षुर एवं महिषासुर के बीच संवाद के साथ महिषासुर का वध, मां दुर्गा का स्वरूप, धुनुची नृत्य एवं बंगाल का प्रसिद्ध सिंदूर खेला की प्रस्तुति दी गई। इस नृत्य नाटिका में मुख्य भूमिका में कक्षा 11 वीं की छात्रा अदिति झा एवं कक्षा 12वीं की छात्रा श्रेया मिश्रा एवं कक्षा 12वीं के छात्र सुमन टुडू नज़र आए।

  “महिषासुर मर्दिनी’ नृत्य नाटिका का आधार दुर्गा सप्तशती है। जिसका नाट्य रूपांतरण विद्यापीठ के संस्थापक प्रबंध निदेशक स्व. डॉ. कृष्णानंद झा जी के मार्गदर्शन में विद्यालय परिवार के कई सदस्यों द्वारा किया गया।

     कार्यक्रम को सफल बनाने में तक्षशिला विद्यापीठ के सभी शिक्षक-शिक्षिकाओं, शिक्षकेत्तर कर्मचारियों, छात्र-छात्राओं एवं अभिभावको का योगदान सराहनीय रहा।

नृत्य नाटिका में सम्मिलित छात्र एवं छात्राओं के नाम
   म्यूजिक- सुब्रत कुमारी, रिमझिम, साक्षी सिंह, अनन्या भारद्वाज, मित्रत, सृष्टि माधव कार्तिकेय, यश, अंशुमन ।

ड्रामा
महिषासुर (सुमन टुङ्ग, सुशांतो), दूर्गा (अदिति झा, श्रेया मिश्रा), ऋषिमुनि (नितेश, पीयूष, अंकुश, आनंद, प्रणवा, चिकचुर (सौरव), गुप्तचर (अनिकेत भारद्वाज), (दूत) कृष कश्यप, असुर (शिवम, प्रसून), ऋषि कात्यायन (शुभाशीष भारद्वाज), ब्रह्मा (अमन राजहंस), विष्णु (सिद्धार्थ), शिव (दर्श मिश्रा), नारद (प्रतीक प्रसून), इंद्र (शिवांशु), सूर्य (वेदांता), मारुत( प्रियांशु), प्रजापति (अर्णव आनंद), वरुण (निशांत), गणेश (रुद्र राज), सरस्वती (धृति सिन्हा), लक्ष्मी (लक्ष्मी कुमारी), कार्तिकेय (सुंदरम), शेर (शिवांश), पुजारी (कुमार राहुल, देवार्ग, अद्वित्या वत्स)

नृत्य
  आद्या मिश्रा, वैष्णवी कुमारी, अंजलि, हेंब्रम, आराध्या शांडिल्य, श्रेया मिश्रा, अदिति झा, किरण कुमारी, अदिति भारद्वाज, सुष्ठानी, दृष्टि, आस्था, सुहानी, दृष्टि, रानी, शाल्वी, ऐश्वर्या, अमृता, तनवी, प्रियांशी, अदिति, श्रेया सुमन, आराध्या भारती, ज्योतिर्मय, आर्यन, हर्ष राज, देव्रत, आरव, रोज़ी नाज़, अंजलि सिंह, अनन्या पाठक, नैनीता, लक्ष्मी सिंह, प्रियांशी शांडिल्प, चाहत प्रिया, साक्षी स्वराज सिंह, मान्या कुमारी, आरुषि आनंद, रुपल, निशु कुमारी, श्रेया सुमन, खुशी, सिमरन