देवघर (शहर परिक्रमा)

बिहार के प्रख्यात रंगकर्मी क्षितिज प्रकाश ने देवघर में प्रस्तुत किए दो एकल नाटक

देवघर: स्थानीय आई.एम.ए. हॉल में साहित्यिक एवं सांस्कृतिक संस्थाएं बैठकी एवं मौलिक फिल्मस  के संयुक्त तत्वावधान में बिहार के प्रख्यात रंगकर्मी क्षितिज प्रकाश द्वारा दो एकल लघु नाटक ‘प्रतिकार और खिलौना’ का प्रभावशाली मंचन किया गया। इस अवसर पर दर्शक दीर्घा में शहर के कई प्रतिष्ठित बुद्धिजीवी एवं सांस्कृतिक कलाकार उपस्थित रहे।

अभिनेता क्षितिज प्रकाश ने दोनों नाटकों के दो अलग अलग किरदारों के माध्यम से शिक्षा और स्वास्थ्य क्षेत्र के निष्ठुर, अमानवीय एवं जनविरोधी सिस्टम  को अपने मर्मस्पर्शी अभिनय से बेनकाब करते हैं। वैसे विषयवस्तु कोई नई नहीं है, और न ही सिस्टम का जनविरोधी रवैया। लेकिन उनके जीवंत अभिनय से दर्शक बंधे रह जाते हैं।  प्रतिकार नाटक शिक्षा जगत के भ्रष्टाचार को तो मेरा खिलौना स्वास्थ्य जगत के भ्रष्टाचार को।
   मंचन के उपरांत लोगों ने सकारात्मक प्रतिक्रिया के साथ उनके एकल अभिनय की जमकर प्रशंसा की।  उपस्थित विद्वानों देवघर की रंगमंचीय विरासत को याद करते हुए दोनों नाटकों को उसी उत्कृष्ट परंपरा की कड़ी बताया।
    ज्ञात हो कि क्षितिज प्रकाश विगत 50 वर्षों से  रंगमंच, टीवी और सिनेमा के क्षेत्र में सक्रिय हैं। सिनेमा जगत के सुप्रसिद्ध निर्देशक श्याम बेनेगल के साथ भी वे सहायक के रूप में कार्य कर चुके हैं। हिंदी, बांग्ला एवं भोजपुरी की दर्जनों फिल्मों में भी इन्होंने जबरदस्त अभिनय कर लोगों मन मोह लिया है।
     वर्तमान में वे वैशाली जिला प्रगतिशील लेखक संघ और निर्माण कला मंच के सचिव भी है। कार्यक्रम के प्रारंभ में आगत दर्शकों का स्वागत मशहूर कवि एवं  बैठकी के अनिल कुमार झा ने किया। क्षितिज प्रकाश का पुष्पगुच्छ देकर  स्वागत  कॉर्निक के सचिव पावन राय ने किया। अंत में धन्यवाद ज्ञापन मौलिक फिल्म्स के शत्रुघ्न प्रसाद ने किया तो कार्यक्रम का संचालन साहित्यकार एवं पत्रकार उदयेश रवि ने किया।