देवघर (शहर परिक्रमा)

देवघर एयरपोर्ट पर फॉग सीजन की तैयारी, टेबल-टॉप मीटिंग एवं मॉक ड्रिल आयोजित

देवघर एयरपोर्ट पर आगामी फॉग सीजन की तैयारियों के तहत आज एक टेबल-टॉप मीटिंग तथा उसके पश्चात एक मॉक ड्रिल का आयोजन किया गया। जानकारी हो कि विमानन क्षेत्र में सामान्यतः 10 दिसंबर से 10 फरवरी के बीच फॉग का प्रभाव देखने को मिलता है, जिसके कारण उड़ानों में देरी, रद्दीकरण एवं डायवर्जन की घटनाएं बढ़ जाती हैं।

हालांकि देवघर एयरपोर्ट पर फॉग के कारण उड़ानों के रद्द होने की संभावना अपेक्षाकृत कम रहती है, परंतु उत्तर भारत के कई फॉग-प्रभावित हवाई अड्डों के कारण उड़ानों का डायवर्जन हो सकता है। ऐसे समय में यात्रियों को काफी असुविधाओं का सामना करना पड़ता है, जैसा कि हाल ही में उड़ानों की देरी एवं रद्दीकरण की स्थिति के दौरान देखा गया। इन्हीं परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए एएआई एवं देवघर एयरपोर्ट प्रबंधन द्वारा पूर्व-तैयारी के तहत यह बैठक एवं मॉक ड्रिल आयोजित की गई, ताकि किसी भी संभावित स्थिति से प्रभावी रूप से निपटा जा सके।


   इस अभ्यास में एयरलाइंस, एएआई के विभिन्न विभाग, ग्राउंड हैंडलिंग एजेंसियां, फूड एंड बेवरेज सेवा प्रदाता, एपीएसयू, एटीसी तथा भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) सहित सभी प्रमुख हितधारकों ने सक्रिय रूप से भाग लिया। मौसम विभाग को नियमित एवं समयबद्ध मौसम अपडेट उपलब्ध कराने की सलाह दी गई, वहीं एयरलाइंस को यात्रियों को अग्रिम एवं वास्तविक समय में जानकारी उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए, ताकि यात्रियों को न्यूनतम असुविधा हो।
    झारखंड पुलिस द्वारा संचालित एपीएसयू को स्थानीय पुलिस के साथ समन्वय स्थापित कर विशेष रूप से सिटी साइड में ट्रैफिक एवं भीड़ प्रबंधन सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी सौंपी गई। एयरपोर्ट पर कार्यरत फूड एंड बेवरेज सेवा प्रदाताओं को पर्याप्त स्टॉक बनाए रखने तथा किसी भी स्थिति में मूल्य वृद्धि न करने के सख्त निर्देश दिए गए।
     एयरपोर्ट निदेशक ने यह भी बताया कि जिला प्रशासन के साथ समन्वय कर यह सुनिश्चित किया जाएगा कि उड़ानों में व्यवधान की स्थिति में शहर के होटल एवं टैक्सी सेवाएं यात्रियों से अनुचित या अत्यधिक शुल्क न वसूलें, जिससे यात्रियों के हितों की रक्षा की जा सके।